Video 2 of one excerpt of a Satsanga held in Delhi on 25th Feb 2025.
(Regret the sound quality, recording done on mobile as Satsanga was conducted on a very short notice)
सत्य देव – सत्य ही देव है, सत्य ही ईश्वर है
“मेरा नाम सत्यदेव इसलिए ईश्वर ने रखा क्योंकि मुझे सत्य सबसे अधिक प्रिय है। परमात्मा ने मुझे देवता की उपाधि दी।
मैं छुप कर उन लोगों के पास अदृश्य रूप में खड़ा हो जाता हूँ, जो सत्य की खोज में हैं और जो सत्य प्राप्त करने के लिए तपस्या कर रहे हैं। मैं तुम्हारे पास भी अनेकों बार आया हूँ जब तुम मन में संसार से अत्यधिक विरक्त हो गई थीं। तुम्हारी आयु 32 वर्ष से अधिक न होगी। तुम जीवन से हताश थीं क्योंकि तुम्हें सत्य का प्रकाश कहीं से नहीं मिल रहा था। दुःख इस बात का था कि तुम्हें लोगों में अज्ञान का अंधकार बहुत गहरा दिखा। परन्तु रास्ता दिखाता कौन? तब तुमने 6 साल लगातार मौन किया, गहरा अध्ययन किया, संत महात्माओं की जीवनी से प्रेरणा ली और एक बहुत बड़ी शपथ ले ली। वह शपथ थी कि, “जब तक मुझे परमात्मा सीधे ज्ञान ना देंगे, जब तक वह मुझमें मेरी आत्मा की लौ ना जला दें, तब तक मैं किसी भी जीवित शरीरधारी गुरु के पास नहीं जाऊंँगी।”


Charan Vandana Amma ji – Jai Maa 🙏🌺🙏